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अमावस्या 2028: सभी तारीख़ें और समय अमावस्या 2028

अमावस्या की अगली तारीख़ नई दिल्ली में बुधवार, 26 जनवरी 2028 है। 2028 में अमावस्या के 12 दिन हैं। नीचे नई दिल्ली के लिए हर तारीख़ निकाली गई है, साथ में उसकी तिथि का समय।

नई दिल्ली के लिए समय, 26 अक्टूबर 2026 को जाँचे गए।

अमावस्या की अगली तारीख़: बुधवार 26 जनवरी, 457 दिन में

अगली · 457 दिन में जनवरी 2028 26 बुधवार
तिथि आरंभ
25 जनवरी को 18:17
तिथि समाप्त
26 जनवरी को 20:43
हर तारीख़

अमावस्या 2028: हर तारीख़ और समय

समय भारतीय मानक समय में हैं, नई दिल्ली के लिए निकाले गए।

तारीख़अमावस्या तिथिसूर्योदय
26 जनवरीबुधवार अमावस्याअमावस्या तिथि25 जनवरी 18:17 – 26 जनवरी 20:43 सूर्योदय07:12
25 फ़रवरीशुक्रवार अमावस्याअमावस्या तिथि24 फ़रवरी 13:27 – 25 फ़रवरी 16:07 सूर्योदय06:51
26 मार्चरविवार अमावस्याअमावस्या तिथि25 मार्च 07:57 – 26 मार्च 10:01 सूर्योदय06:18
24 अप्रैलसोमवार सोमवती अमावस्याअमावस्या तिथि24 अप्रैल 00:21 – 25 अप्रैल 01:17 सूर्योदय05:46
24 मईबुधवार अमावस्याअमावस्या तिथि23 मई 14:10 – 24 मई 13:46 सूर्योदय05:26
22 जूनगुरुवार अमावस्याअमावस्या तिथि22 जून 01:38 – 22 जून 23:58 सूर्योदय05:24
22 जुलाईशनिवार शनि अमावस्याअमावस्या तिथि21 जुलाई 11:18 – 22 जुलाई 08:32 सूर्योदय05:37
20 अगस्तरविवार अमावस्याअमावस्या तिथि19 अगस्त 19:48 – 20 अगस्त 16:14 सूर्योदय05:53
18 सितंबरसोमवार सर्व पितृ अमावस्याअमावस्या तिथि18 सितंबर 03:47 – 18 सितंबर 23:54 सूर्योदय06:08
18 अक्टूबरबुधवार अमावस्याअमावस्या तिथि17 अक्टूबर 12:06 – 18 अक्टूबर 08:27 सूर्योदय06:24
16 नवंबरगुरुवार अमावस्याअमावस्या तिथि15 नवंबर 21:35 – 16 नवंबर 18:48 सूर्योदय06:45
16 दिसंबरशनिवार शनि अमावस्याअमावस्या तिथि15 दिसंबर 09:01 – 16 दिसंबर 07:36 सूर्योदय07:07
आपका शहर

नई दिल्ली के लिए तारीख़ें और समय

ये दिन और इनके समय सूर्योदय, सूर्यास्त और चंद्रोदय से तय होते हैं, इसलिए इनकी गणना एक शहर के लिए होती है। अपना शहर चुनें, पूरा पेज फिर से गणना करेगा।

अमावस्या क्या है

अमावस्या (Amavasya, new moon) कृष्ण पक्ष की अंतिम तिथि है, जब चंद्रमा सूर्य के सबसे निकट होता है और बिल्कुल दिखाई नहीं देता। यह हर चंद्र मास में एक बार आती है, वर्ष में बारह या तेरह बार, और दक्षिण और पश्चिम भारत के अमांत पंचांगों में इसी से महीना पूरा होता है। परंपरा अमावस्या को किसी एक देवता से अधिक परिवार के पितरों को समर्पित करती है, और कई नामित दिन इस पर पड़ते हैं: वार के अनुसार सोमवती और शनि अमावस्या, सर्दियों में मौनी अमावस्या, पितृ पक्ष के अंत में सर्व पितृ अमावस्या, और दिवाली की लक्ष्मी पूजा।

दिन और समय कैसे निकाले जाते हैं

यह पेज हर अमावस्या को उस दिन दिखाता है जिस दिन सूर्योदय के समय अमावस्या तिथि हो, क्योंकि पंचांग स्नान, दान और तर्पण के लिए दिन इसी तरह तय करते हैं। तिथि प्रायः एक दिन के बीच में शुरू होकर अगले दिन समाप्त होती है, इसलिए हर प्रविष्टि में उसके आरंभ और समाप्ति का क्षण भी दिया गया है: जो कर्म स्वयं तिथि से जुड़े हैं, जैसे दोपहर बाद का श्राद्ध, उनका समय इसी अवधि के भीतर रखा जाता है। जो अमावस्या किसी भी सूर्योदय को नहीं छूती, वह उसी दिन मानी जाती है जिस दिन शुरू होती है। चुने गए दिन का वार तय करता है कि वह सोमवती या शनि अमावस्या भी है या नहीं।

इसे कैसे रखते हैं

अमावस्या का मुख्य कर्म तर्पण है: काले तिल मिला जल, जो अंजलि से पितरों को अर्पित किया जाता है, प्रायः दक्षिण की ओर मुख करके, और जहाँ ज्ञात हों वहाँ कुल के नामों के साथ। बहुत से घरों में पितरों के लिए सादा भोजन पकाया जाता है और किसी के खाने से पहले एक भाग गाय, कौए और कुत्ते के लिए अलग रखा जाता है। सुबह नदी-स्नान, भोजन या वस्त्र का दान, और शाम को पीपल के नीचे दीपक, ये व्यापक रूप से निभाए जाते हैं। परंपरा अमावस्या को नई शुरुआत के लिए उपयुक्त नहीं मानती, इसलिए बहुत से परिवार यात्रा, ख़रीदारी या नया काम किसी और दिन पर टाल देते हैं।

कैलेंडर के बाकी दिन

सामान्य प्रश्न

अमावस्या 2028: प्रश्न

2028 की तारीख़ों पर छोटे उत्तर, नई दिल्ली के लिए।

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क्या अमावस्या अशुभ दिन है?

परंपरा इसे बुरा दिन नहीं कहती, पर इसे एक अलग उद्देश्य देती है। अमावस्या पितरों, शांत उपासना और दान की तिथि है, इसलिए विवाह, गृह प्रवेश और नए काम प्रायः किसी और तिथि पर रखे जाते हैं। तर्पण, श्राद्ध और शिव, काली या शनि की उपासना के लिए बहुत से लोग इसे महीने के सबसे अच्छे दिनों में गिनते हैं।

अमावस्या पर क्या करना चाहिए?

सामान्य कर्म ये हैं: सुबह स्नान, पितरों के लिए जल और काले तिल से तर्पण, ज़रूरतमंदों को भोजन या वस्त्र का दान, और गाय या कौओं को भोजन कराना। बहुत से लोग सूर्यास्त के बाद पीपल के पेड़ के नीचे सरसों के तेल का दीपक जलाते हैं। व्रत रखने वाले परिवार शाम के अर्पण के बाद एक बार भोजन करते हैं।

2028 में अमावस्या के कितने दिन हैं?

12, नई दिल्ली के लिए गणना करके।

अगली अमावस्या कब है?

नई दिल्ली में बुधवार, 26 जनवरी 2028 को।

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